मध्यप्रदेश माटी कला बोर्ड

मध्यप्रदेश शासन

योजनाएं

वाणिज्य एवं रोजगार विभाग के परिपत्र क्रमांक एफ 2-6/2014/अ-ग्यारह दिनांक 21-7-2014 से माटीकला बोर्ड की श्री यादे माटीकला बोर्ड योजना को निम्नांकित योजनाओं में समाहित कर कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग के परिपत्र क्रमांक एफ-3-6/2014/52-2 दिनांक 30 सितंबर-2014 से नवीन योजना नियमों की स्वीकृति प्रदान की गई :-

1-मुख्यमंत्री आर्थिक कल्याण योजना(1अगस्त-2014 से प्रारंभ)

  • योजना का कार्यक्षेत्र: योजना का कार्यक्षेत्र संपूर्ण मध्यप्रदेश होगा।
  • योजना का उद्देश्य: योजना का उद्देश्य नवीन उद्यमों की स्थापना करने हेतु आवद्गयक मद्गाीन, उपकरण एवं कार्यशील पॅूंजी उपलब्ध कराना है।
  • आवेदन पत्र | PDF | 16 kb
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2-मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना (1अगस्त-2014 से प्रारंभ)
रूपये 20,000 से रूपये 10,00,000 तक परियोजना लागत वाले माटी उद्योग प्रारंभ करने के लिये

  • योजना का उद्देद्गय समाज के सभी वर्गो के लिये स्वयं का उद्योग (विनिर्माण)/सेवा/व्यवसाय स्थापित करने हेतु बैकों के माध्यम से ऋण उपलब्ध कराना है। योजनांतर्गत हितग्राहियों को मार्जिनमनी सहायता, ब्याज अनुदान, ऋण गारंटी एवं प्रद्गिाक्षण का लाभ शासन द्वारा दिया जावेगा।
  • कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग अंतर्गत योजना का क्रियान्वयन म.प्र. माटीकला बोर्ड भोपाल द्वारा माटीशिल्प से संबंधित उद्योग स्थापित करने के लिये अपने अमले एवं बजट से किया जायेगा।
  • आवेदन पत्र | PDF | 42 kb
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3-माटीकला उद्यमियों को प्रशिक्षण योजना :

  • प्रदेश के माटीकला से संबंधित गतिविधियों में संलग्न उद्यमियों/शिल्पियों /कारीगरों को उन्नत तकनीकी व रूपांकन का प्रशिक्षण प्रदान करना ताकि वे अपने उत्पादों की बाजार मांग के अनुरूप तैयार कर सकें ।
  • प्रशिक्षणार्थी की पात्रता - मध्यप्रदेश में निवासरत 18 वर्ष न्यूनतम उम्र वाले ऐसे महिला एवं पुरूष जो स्वयं मिट्टी से संबंधित उत्पादों का निर्माण कर विक्रय कार्य में संलग्न हो ।
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4-माटीकला प्रचार-प्रसार योजना :

  • प्रदेश के माटीकला के उद्यमियों/शिल्पियों/कारीगरों के लिये संचालित की जाने वाली योजनाओं के संबंध में प्रिंट एवं इलेक्ट्रानिक मीडिया के जरिये प्रचार प्रसार ।
  • माटीशिल्प को बढ़ावा देने हेतु, मिट्टी का कार्य करने वाले तीन उत्कृष्ट शिल्पियों को प्रत्येक वित्तीय वर्ष में पुरस्कृत करना।
  • माटीशिल्प को आम जनता में लोक प्रिय बनाने हेतु हाट बाजार, मेले एवं प्रदर्शनियों (प्रदेश के अंदर/बाहर) आयोजन करना एवं अन्य संस्थाओं द्वारा आयोजित प्रदर्शनियों में भाग लेने के लिये सहायता उपलब्ध कराना
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  • प्रदेश के प्रजापति समाज के कामगारो/शिल्पियों को प्रोत्साहन देने के लिये प्रति वर्ष 3 उत्कृष्ट द्गिाल्पियों को पुरस्कार
  • प्रथम पुरस्कार                   रूपये                1,00,000
  • द्वितीय पुरस्कार                रूपये                  50,000
  • तृतीय पुरस्कार                   रूपये                  25,000

नवीन योजनाएं (वर्ष 2013-14 से प्रारंभ)

5-मुख्यमंत्री ब्याज अनुदान योजना

  • योजना का उद्देद्गय :- कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग के अधीन कार्यरत घटकों के अंतर्गत हरकरघा बुनकरों, द्गिाल्पियों, माटीकला, अन्य उद्यमियों एवं रेद्गाम कृषकों को उत्पादन एवं विपणन गतिविधियों के लिए विभिन्न बैंकों से लिएगए पूंजीगत ऋण एवं कार्यद्गाील पूंजी ऋण (द्गााखा सीमा ऋण) पद 5 प्रतिद्गात पूंजीगत दर से ब्याज अनुदान सहायता प्रदान करना।
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6- कोशल विकास कार्यक्रमों का संचालन नियम – 2015 :

  • योजना का आच्छानद:-बेरोजगार युवाओं एवं अल्पकालीन रोजगार प्राप्त हितग्राहियों को खादी ग्रामोद्योग, रेषम हस्तषिल्प, हाथकरघा, माटीकला एवं संबद्व गतिविधियों (एडिषनल स्किल व एलाईड वर्क) में कौषल विकास के लिए उन्नत प्रषिक्षण देना।
  • क्रियान्वयन एजेन्सी:-शासकीय विभाग, निगम, बोर्ड, क्लस्टर क्लब एवं राज्य स्तरीय क्लस्टर डेवलपमेन्ट सेल, अद्र्वषासकीय संस्थाएॅ।
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7- मध्यप्रदेश के माटी शिल्पियों को राज्य स्तरीय पुरस्कार योजना के नियम एवं प्रक्रिया

  • मध्यप्रदेश का नाम :-" मध्यप्रदेश के माटी शिल्पियों को राज्य स्तरीय पुरस्कार "
  • पृष्ठभूति का उद्देश्य :- प्रदेश के माटी शिल्पियों को कलात्मक सृजन हेतु प्रोत्सहित करने के किये राज्य स्तरीय पुरस्कार प्रदान किये जावेंगे | यह सम्मान माटी शिल्पियों को श्रेष्ठ कलात्मक सृजन की लिए प्रेरित करते हैं ,जिससे प्रदेश की माटी शिल्पकला और अधिक समृद्ध होगी |
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